जम्मू-कश्मीर पर मोदी सरकार के ऐतिहासिक फैसले से पाकिस्तान बौखला गया है. अब पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में पाकिस्तान अपनी ताकत बढ़ा रहा है. इस सिलसिले में गृह मंत्रालय को सुरक्षा एजेंसियों ने रिपोर्ट भेजी है.इस रिपोर्ट के मुताबिक, चीन की मदद पाकिस्तान पीओके के मानसेहरा में सामरिक टनल बनाने में जुटा है. इसके साथ ही लाइन ऑफ कंट्रोल (एलओसी) के नजदीक पाकिस्तान प्रेशर सेंसर का इस्तेमाल कर रहा है. इसे उसने अमेरिका से खरीदा था.आतंकियों को पाकिस्तानी सेना 12.7 MM की हैवी मशीन गन भी दे रही है. इसके लिए खतरनाक स्टील बुलेट को पाकिस्तान ने चीन की एक कंपनी से गुपचुप तरीके से मंगाया है. साथ ही एलओसी पर पाकिस्तान रोबोटिक हथियारों का

इस्तेमाल कर आतंकियो के घुसपैठ में मदद कर सकता है.अनुच्छेद 370 को निष्प्रभावी बनाए जाने के बाद से ही पाकिस्तान की नाराजगी साफ झलक रही है. पाकिस्तान सरकार और सेना के बीच कई महत्वपूर्ण बैठकें भी हो चुकी हैं. भले ही कश्मीर भारत का आंतरिक मुद्दा हो, लेकिन संवैधानिक अनुच्छेदों में परिवर्तन किए जाने के बाद से ही पाकिस्तान पूरी दुनिया में मदद की गुहार लगा रहा है. इसी के मद्देनजर पाकिस्तान ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भी मदद की अपील की थी. लेकिन वहां भी उसकी नहीं सुनी गई संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद (यूएनएससी) से पाकिस्तान को बड़ा झटका लगा है. यूएनएससी की अध्यक्ष जोआना रोनक्का ने जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 में किए गए बदलाव पर अपनी प्रतिक्रिया देने से इंकार कर दिया है. यूएन ने साथ ही पाकिस्तान को 1972 शिमला समझौते का रास्ता भी दिखाया है.वहीं भारत की नजर पाकिस्तान की ओर से होने वाली हर गतिविधि पर है. भारतीय सेनाएं पाकिस्तान की ओर से की जाने वाली हर साजिश को रोकने के लिए तैयार बैठी हैं. जम्मू-कश्मीर में थल सेना और वायुसेना हाई अलर्ट पर हैं.